Safar me

Safar me असंभव को मज़ाक बनाने की राह पर
लगाव के साथ अलगाव
चलत मुसाफिर
देहाती सोच
गाँववासी
मनमौजी
घुमक्कड़
बिहारी

15/01/2026

Bhagwan se bole padhne likhne me tej bna dijiye😆😆

15/01/2026

भगवान और पढ़ाई😆😆

07/01/2026

स्वच्छता सभी के लिए जरूरी है,
फिर लोग गंदगी क्यों फैला देते है?




06/01/2026

देश में पार्किंग जोन की समस्या बढ़ती जा रही है।
और साथ साथ जुर्माना भी बढ़ता जा रहा है।



03/01/2026

First Drawing drawn by Harshil

03/01/2026
02/01/2026

मनुष्य दुखी होकर कहता है—
“मैं जिसे छूता हूँ, वह मिट्टी हो जाता है।”

बुद्ध मुस्कराकर कहते—
“नहीं, तुम जिसे छूते हो, वह पहले से ही मिट्टी है;
तुम्हारा दुख उसे सोना समझ लेने से पैदा हुआ है।”

जो छूट जाता है, वह तुम्हारा नहीं था।
जो बिखर जाता है, वह टिकने योग्य नहीं था।
और जो बार-बार टूटता है, वह तुम्हें तोड़ने नहीं
जगाने आया था।

किस्मत को दोष मत दो—
किस्मत तो केवल परिणाम है।
दृष्टि बदले बिना परिणाम नहीं बदलते।

जब पकड़ छूटती है, तभी मुक्ति शुरू होती है।

 #नया_साल_मुबारक_हो।जीवन की पुस्तक का एक और पन्ना आज पलट गया। समय कभी ठहरता नहीं, वह बस चलता रहता है—अपने साथ यादें, अनु...
31/12/2025

#नया_साल_मुबारक_हो।
जीवन की पुस्तक का एक और पन्ना आज पलट गया। समय कभी ठहरता नहीं, वह बस चलता रहता है—अपने साथ यादें, अनुभव, गलतियाँ और सीख समेटे हुए। बीता हुआ वर्ष कई सवाल छोड़कर गया है, तो आने वाला वर्ष कई संभावनाओं के द्वार खोलकर खड़ा है। बीते वर्ष का ग़म और आने वाले वर्ष की उम्मीद—दोनों मिलकर जीवन की सच्ची तस्वीर सामने रख देते हैं।

पिछले वर्ष की ओर जब नज़र जाती है, तो बहुत कुछ याद आता है। कुछ पल ऐसे थे जो मुस्कान दे गए, तो कुछ ऐसे भी थे जिन्होंने भीतर तक झकझोर दिया। बीते वर्ष में कई गलतियाँ हुईं—कुछ जानबूझकर, कुछ अनजाने में। कई बार सही और गलत का फर्क समझ में आया, लेकिन परिस्थितियाँ ऐसी रहीं कि चाहकर भी सुधार नहीं हो पाया। मजबूरियाँ भी जीवन का हिस्सा होती हैं, जिन्हें नज़रअंदाज़ नहीं किया जा सकता। पर यह स्वीकार करना भी ज़रूरी है कि गलती को महसूस करना ही सुधार की पहली सीढ़ी है।

नया वर्ष एक अवसर है—खुद से ईमानदार होने का, खुद को बेहतर बनाने का। इस बार कोशिश यही रहेगी कि ऐसी गलतियाँ न हों, जिनके लिए बाद में पछताना पड़े। ऐसा जीवन जिया जाए जिसमें हर निर्णय सोच-समझकर लिया जाए, ताकि आत्मा पर बोझ न रहे। नया साल पुराने ढर्रे पर नहीं जिया जाए, बल्कि नए दृष्टिकोण, नई समझ और नई ऊर्जा के साथ आगे बढ़ा जाए।

जीवन में बदलाव अवश्यंभावी हैं। बदलाव से डरने के बजाय उन्हें बाहें फैलाकर स्वीकार करना ही समझदारी है। जो बदलता है, वही आगे बढ़ता है। कभी-कभी बदलाव हमें असहज कर देते हैं, पर वही हमें मजबूत भी बनाते हैं। हर परिवर्तन अपने साथ कोई न कोई सीख लेकर आता है, बस ज़रूरत है उसे समझने की।

जो हमारे बस में नहीं है, उसे नदी की धारा की तरह बहने देना चाहिए। नदी जब चलती है, तो रास्ता खुद बना लेती है—चट्टानों को चीरकर, मोड़ों को पार करके। जीवन भी कुछ ऐसा ही है। हर सवाल का जवाब तुरंत नहीं मिलता, हर परेशानी का हल उसी क्षण नहीं दिखता। जब उलझन बहुत बढ़ जाती है और समझ में नहीं आता कि क्या सही है, तो समय खुद सिखा देता है कि रास्ता कहाँ है और वहाँ तक कैसे पहुँचना है।

नया वर्ष हमें यही सिखाता है कि धैर्य रखें, विश्वास बनाए रखें और कर्म करते रहें। जो बीत गया, उसे अनुभव मानकर स्वीकार करें और जो आने वाला है, उसे उम्मीद के साथ अपनाएँ। यही नववर्ष का सच्चा संदेश है—आत्ममंथन, स्वीकार्यता और नए संकल्पों के साथ आगे बढ़ते रहना।

01/02/2025

Happy birthday Prithvi 🎉🎊🎊🎊🎉🎉🎊

Address

Motihari

Alerts

Be the first to know and let us send you an email when Safar me posts news and promotions. Your email address will not be used for any other purpose, and you can unsubscribe at any time.

Share