15/01/2026
कसार देवी मंदिर
जनपद अल्मोड़ा
देवभूमि उत्तराखंड
कसार देवी मंदिर उत्तराखंड के अल्मोड़ा के पास कश्यप पहाड़ी पर मां दुर्गा के कात्यायनी रूप को समर्पित,एक प्राचीन और शक्तिशाली शक्तिपीठ है, जो अपनी अद्भुत भू-चुंबकीय शक्ति (magnetic field) के लिए विश्व प्रसिद्ध है और स्वामी विवेकानंद ने यहाँ ध्यान किया था। यह दूसरी शताब्दी में बना है, कात्यायनी देवी को समर्पित है और ध्यान व आध्यात्मिक साधना के लिए एक विशेष स्थान है, क्योंकि यह पृथ्वी के वैन एलन बेल्ट (Van Allen belt) के करीब है, जो इसे एक अद्वितीय ऊर्जा प्रदान करता है। मंदिर में मां दुर्गा के कात्यायनी रूप के साथ ही मां काली, लक्ष्मी और सरस्वती की भी पूजा होती है।
स्वामी विवेकानंद ने 1890 में यहाँ कठोर तपस्या की थी, जिससे इसे प्रसिद्धि मिली।
कई पश्चिमी साधक और हस्तियाँ यहाँ आते हैं।
चुंबकीय क्षेत्र (Magnetic Field):
यह भारत का एकमात्र और दुनिया के चुनिंदा स्थानों (जैसे माचू पिचू) में से एक है,
वैज्ञानिकों ने इसे GPS 8 ग्रेविटी पॉइंट चिह्नित किया है।
पृथ्वी के वैन एलन बेल्ट के प्रभाव के कारण यह क्षेत्र ऊर्जावान होता है, जो ध्यान के लिए उत्तम है।
यहाँ मांगी गई मन्नतें पूरी होती हैं, और यह स्थान मन को शांति और एकाग्रता प्रदान करता है।